Agniveer Service Extension : चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) जनरल एनएस राजा सुब्रमणि ने आज यानी 04 नवंबर 2026 को भारतीय सेना में अग्निवीरों के भविष्य को लेकर अहम निर्णय का ऐलान किया है। अब अग्निवीरों की सेवा का कुल समय 4 साल से बढ़ाकर 6 साल कर दिया गया है। जो जवान चार साल का कार्यकाल पूरा करने के बाद भी देश सेवा में बने रहना चाहते हैं, उन्हें एक विशेष चयन प्रक्रिया से होकर गुजरना पड़ेगा। पुरानी नियमावली के मुताबिक किसी भी बैच के केवल 25% उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले अग्निवीरों को भारतीय सेना में स्थायी कैडर में शामिल किया जाता है। जबकि शेष 75% जवानों को सेवामुक्त कर दिया जाता था। नए फैसले के तहत 25% जवानों को पक्का करने का नियम वैसा ही रहेगा, लेकिन बाहर होने वाले 75% जवानों को अब 2 अतिरिक्त वर्षों के लिए सेवा जारी रखने का अवसर दिया जाएगा। इस extended पीरियड के दौरान उन्हें पहले से अधिक वेतन और भत्ते भी दिए जाएंगे।

दिसंबर में समाप्त हो रहा था पहला बैच  

मूल योजना के अनुसार इस वर्ष 31 दिसंबर तक पहले बैच के 18300 अग्निवीरों की 4 साल की समय-सीमा पूरी हो रही थी। यह संख्या पहले बैच में भर्ती हुए 24400 जवानों का 75% हिस्सा है। पहले के नियम से नवंबर के मध्य से इन जवानों की चरणबद्ध तरीके से छंटनी शुरू होनी थी, लेकिन नए आदेश के बाद इन जवानों को 2 साल का सीधा विस्तार मिल गया है। यह फैसला अग्निवीरों की अपनी स्वेच्छा और सहमति पर लागू होगा। हाल में वायु सेना ने भी अपने शुरुआती 2850 भर्ती में से 712 अग्निवीर वायु जवानों को स्थायी सेवा में बनाए रखने का फैसला किया था।

2022 में शुरू की गई थी अग्निवीर योजना

14 जून 2022 को लॉन्च हुई अग्निपथ योजना के तहत इस समय देश की तीनों सशस्त्र सेनाओं में कुल मिलाकर 3.18 लाख अग्निवीर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। रक्षा मंत्रालय और आधिकारिक सैन्य आंकड़ों के अनुसार तीनों अंगों में जवानों का बंटवारा हैं-थल सेना में 2.7 लाख अग्निवीर,  वायु सेना में 27000 अग्निवीर, नौसेना में 21000 अग्निवीर हैं।  

6 साल के बाद क्या होगा आगे का रास्ता?

6 साल की सेवा पूरी होने के बाद जो अग्निवीर नियमित रूप से थल सेना, नौ सेना या वायु सेना में बने रहना चाहेंगे, उन्हें दोबारा नियमित भर्ती प्रक्रिया अंतर्गत आवेदन करना होगा। इसके बाद तय मानक चयन प्रक्रिया को सफलता से पूरा करने वाले जवानों को स्थायी सैनिक के रूप में आगे काम करने का अवसर मिलेगा।