नई दिल्ली, 24 मई। राज्यसभा सांसद और पूर्व दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल ने रविवार को पंजाब सरकार पर राज्य की कानून व्यवस्था की गंभीर स्थिति को लेकर कड़ा हमला किया और कहा कि प्रशासन अपराधों को काबू करने में पूरी तरह असफल हो गया है। स्वाति मालीवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर यह आरोप लगाते हुए लिखा कि पंजाब में कानून व्यवस्था पूरी तरह बिखर गई है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार जेलों में नियंत्रण बनाए रखने में असमर्थ रही है, जबकि सड़कों पर अपराध की घटनाएं बढ़ती जा रही हैं।
उन्होंने बताया कि पंजाब की जेलों में कैदियों ने अराजकता फैला रखी है, संपत्ति को नुकसान पहुंचा रहे हैं और आगजनी कर रहे हैं। ऐसा प्रतीत होता है कि उन सभी के पास मोबाइल फोन हैं।
मालीवाल ने एक उदाहरण देते हुए कहा, "अमृतसर में ड्यूटी पर तैनात पंजाब पुलिस के एक एएसआई की दिनदहाड़े हत्या कर दी गई।"
इसके पहले दिन में अमृतसर जिले के मजीठिया में एक सहायक सब-इंस्पेक्टर की अज्ञात बाइक सवारों ने गोली मारकर हत्या कर दी, जब वह अपने कर्तव्यों पर जा रहे थे। रिपोर्ट्स के अनुसार, हमलावर एएसआई जोगा सिंह पर गोलियां चलाने के बाद फरार हो गए।
मालीवाल ने आरोप लगाया कि पंजाब में अपराध का ग्राफ लगातार बढ़ता जा रहा है और कैदियों का प्रशासन पर नियंत्रण खत्म होता जा रहा है।
उन्होंने कहा, "पंजाब में अपराध की दर निरंतर बढ़ रही है। कैदियों की तादाद नियंत्रण से बाहर हो रही है और मुख्यमंत्री ने अपनी जिम्मेदारियों को छोड़कर अरविंद केजरीवाल के सामने आत्मसमर्पण कर दिया है, यह बेहद शर्मनाक है।"
यह विवाद पंजाब में कानून व्यवस्था पर नए राजनीतिक परिवर्तनों के बीच उभरा है, जहां विपक्षी नेता बिगड़ती सुरक्षा स्थिति और जेल प्रशासन की कमियों को लेकर आम आदमी पार्टी सरकार को घेर रहे हैं।
हाल के महीनों में पंजाब में कानून-व्यवस्था को लेकर राजनीतिक खींचतान बढ़ती जा रही है, जिसमें विपक्षी दलों ने हिंसा की घटनाओं और सुधार गृहों की स्थिति को लेकर अपनी चिंता व्यक्त की है।