चमोली, 24 मई। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोशल मीडिया के माध्यम से चमोली जिले के मां अनुसूया मंदिर और वहां आयोजित होने वाले मेले और धार्मिक आयोजनों के बारे में जानकारी देते हुए लोगों से दर्शन के लिए आने का अनुरोध किया। 'एक्स' पर शेयर की गई पोस्ट में उन्होंने लिखा कि मां अनुसूया का यह मंदिर, जो चमोली की खूबसूरत वादियों में स्थित है, आस्था, तप और आध्यात्मिक ऊर्जा का एक महत्वपूर्ण केंद्र है। यह प्राचीन मंदिर देवी अनुसूया को समर्पित है और यहां हर वर्ष दत्तात्रेय जयंती के मौके पर बड़ी धूमधाम से मेले और धार्मिक अनुष्ठान आयोजित होते हैं। उन्होंने कहा कि जब आप चमोली आएं तो इस पवित्र मंदिर के दर्शन करने का अवसर न चूकें।
एक दिन पहले, 23 मई को, उन्होंने 'एक्स' पर बताया था कि श्री हेमकुंड साहिब जी के दरवाजे श्रद्धालुओं के लिए विधिपुरvak खोले जा चुके हैं। उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा था, "जो बोले सो निहाल… सत श्री अकाल!"
उन्होंने आगे लिखा कि "श्रद्धा, तप और सेवा का प्रतीक श्री हेमकुंड साहिब जी के दरवाजे आज सभी श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ पूरी विधि के साथ खोले गए हैं। इस पुण्य यात्रा पर आने वाले देश-विदेश के सभी श्रद्धालुओं का उत्तराखंड में तहे दिल से स्वागत किया जाता है। हमारी सरकार श्रद्धालुओं की यात्रा को सुगम, सुरक्षित और सुविधाजनक बनाने के लिए पूरी लगन और सेवा भाव से प्रयास कर रही है।"
उन्होंने पोस्ट में यह भी उल्लेख किया कि चमोली जिले का श्री हेमकुंड साहिब अनगिनत श्रद्धालुओं की अटूट आस्था का स्थान है। यह पवित्र धाम, जो हिमालय की शांत वादियों में बसा है, केवल एक धार्मिक स्थल नहीं है, बल्कि यह आत्मिक ऊर्जा, मानसिक शांति और आध्यात्मिक अनुभव का अद्भुत केंद्र है। चमोली जिले जाने पर इस पवित्र स्थान के दर्शन करना न भूलें।