भारतीय ऑलराउंडर प्रेमा रावत ने घरेलू क्रिकेट में अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी से इतिहास रच दिया है। उन्होंने सीनियर महिला टी20 ट्रॉफी में उत्तराखंड की ओर से खेलते हुए हैदराबाद के खिलाफ महज 14 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया। इसके साथ ही वह महिला टी20 क्रिकेट में सबसे तेज अर्धशतक लगाने वाली खिलाड़ी बन गईं। उन्होंने पाकिस्तान की कप्तान फातिमा सना का रिकॉर्ड तोड़ दिया, जिन्होंने 15 गेंदों में यह उपलब्धि हासिल की थी।
357 के स्ट्राइक रेट से बरसे रन
पुणे के एमसीए स्टेडियम में खेले गए इस मुकाबले में प्रेमा रावत ने नाबाद 50 रन की पारी खेली। उन्होंने अपनी 14 गेंदों की पारी में छह चौके और चार छक्के लगाए। उनका स्ट्राइक रेट 357.14 रहा। रावत की इस आतिशी बल्लेबाजी की बदौलत उत्तराखंड ने 20 ओवर में दो विकेट के नुकसान पर 187 रन बनाए। इससे पहले राघवी बिष्ट ने भी शानदार बल्लेबाजी करते हुए 50 गेंदों में नाबाद 72 रन बनाए। दोनों की पारियों ने उत्तराखंड को बड़े स्कोर तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।
गेंदबाजी में भी दिखाया दम, उत्तराखंड को मिली बड़ी जीत
बल्ले से कमाल करने के बाद प्रेमा रावत ने गेंदबाजी में भी योगदान दिया। उन्होंने चार ओवर में केवल 12 रन देकर दो विकेट झटके। उत्तराखंड के 188 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी हैदराबाद की टीम निर्धारित 20 ओवर में आठ विकेट पर 98 रन ही बना सकी। इस तरह उत्तराखंड ने मुकाबला 89 रन से जीत लिया। प्रेमा के ऑलराउंड प्रदर्शन ने टीम की जीत में निर्णायक भूमिका निभाई
फातिमा सना का रिकॉर्ड टूटा
प्रेमा रावत से पहले महिला टी20 क्रिकेट में सबसे तेज अर्धशतक का रिकॉर्ड 15 गेंदों का था। इंग्लैंड की मैरी केली, ऑस्ट्रेलिया की लौरा हैरिस और पाकिस्तान की फातिमा सना ने 15-15 गेंदों में यह कारनामा किया था। अब प्रेमा ने 14 गेंदों में अर्धशतक लगाकर इन सभी को पीछे छोड़ दिया है। हालांकि, महिला टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे तेज अर्धशतक का रिकॉर्ड अभी भी फातिमा सना के नाम है। उन्होंने जिम्बाब्वे के खिलाफ 15 गेंदों में फिफ्टी पूरी की थी। प्रेमा का नया रिकॉर्ड घरेलू और अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों को मिलाकर महिला टी20 क्रिकेट के लिए है।
भारतीय टीम के लिए भी खेल चुकी हैं प्रेमा
24 वर्षीय प्रेमा रावत भारतीय महिला टीम का हिस्सा रह चुकी हैं। वह टी20 इंटरनेशनल में भारत की ओर से सात मुकाबले खेल चुकी हैं और गेंदबाजी में सात विकेट हासिल किए हैं। वह महिला प्रीमियर लीग में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु का भी प्रतिनिधित्व करती हैं। घरेलू टी20 में उनकी इस ऐतिहासिक पारी ने उनकी बल्लेबाजी क्षमता को भी सुर्खियों में ला दिया है।