पांडव हत्या मामले में दिल्ली पुलिस पर आरोप, 'आप' ने उठाए सवाल

पांडव हत्या मामले में दिल्ली पुलिस पर आरोप, 'आप' ने उठाए सवाल

नई दिल्ली, 23 मई। उत्तम नगर में बिहार के निवासी पांडव कुमार की कथित पुलिस गोलीकांड में मृत्यु ने राजनीतिक हलचल बढ़ा दी है। आम आदमी पार्टी के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने कहा कि दिल्ली पुलिस आरोपी पुलिसकर्मी को बचाने का प्रयास कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि टेस्ट आइडेंटिफिकेशन परेड (टीआईपी) इस तरह से आयोजित की गई थी कि गवाह आरोपी की पहचान नहीं कर सकें। सौरभ ने बताया कि टीआईपी के दौरान आरोपी के साथ 10 अन्य लोगों को एक जैसे कपड़े पहनाए गए, उन सभी को टोपी पहनने के लिए कहा गया और उनके नाक-आंखों पर टेप लगा दिया गया। उनका कहना था कि घटना के समय आरोपी ने न तो टोपी पहनी थी और न ही उसके चेहरे पर कोई टेप था। आरोपी का चेहरा कैमरे में स्पष्ट नजर आ रहा है, इसलिए इस प्रकार की पहचान परेड पुलिस के पहचान छिपाने के इरादे को दर्शाती है।

सौरभ भारद्वाज ने यह भी कहा कि लगभग एक महीने पहले उत्तम नगर इलाके में पांडव की हत्या केवल इस कारण की गई क्योंकि वह बिहार से था। उन्होंने कहा कि आरोपी स्पेशल सेल का पुलिसकर्मी था, जिसने कथित तौर पर बिहार को लेकर अपशब्द कहे और अपनी सर्विस रिवॉल्वर से गोली चलाई। इस घटना में पांडव की मृत्यु हो गई जबकि उसका एक साथी घायल हुआ।

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस पीड़ित परिवार पर दबाव डालने की कोशिश कर रही है। उनके अनुसार, जब आम आदमी पार्टी के नेता शुक्रवार को परिवार से मिलने पहुँचे, तो पुलिस ने उन्हें थाने बुलाकर घंटों रोके रखा ताकि वे नेताओं से बात न कर सकें। उनका कहना था कि यह कार्रवाई मामले को कमजोर करने की एक साजिश का हिस्सा लगती है।

इस दौरान संजीव झा ने कहा कि पांडव की 'गलती' बस इतनी थी कि वह बिहार से था। उन्होंने इसे हत्या के बजाय 'शहादत' कहा। संजीव झा शुक्रवार से मृतक के परिवार को न्याय दिलाने के लिए अनशन पर बैठे हैं।

परिवार की मांग है कि उन्हें एक करोड़ रुपये का मुआवजा, एक सदस्य को सरकारी नौकरी और आरोपी को फास्ट ट्रैक कोर्ट में कठोर सजा मिले।

संजीव झा ने कहा कि उन्होंने दिल्ली की मुख्यमंत्री और उपराज्यपाल समेत कई नेताओं को पत्र लिखकर मामले में हस्तक्षेप की अपील की है, लेकिन अब तक कोई प्रतिक्रिया नहीं आई। उनका दावा है कि भाजपा सरकार और दिल्ली पुलिस गरीब और बिहारी परिवार के प्रति अन्याय कर रहे हैं।

उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उन्हें न्याय नहीं मिला तो उनका अनशन जारी रहेगा। पांडव की मां भावुक हो गईं और कहा कि उन्हें कुछ नहीं चाहिए, केवल अपने बेटे के लिए न्याय चाहिए। उनका बेटा हमेशा उन्हें 'मम्मी' कहकर बुलाता था, लेकिन अब कौन उन्हें मम्मी कहेगा?