भोपाल, 23 मई। मध्य प्रदेश में आगामी पांच दिनों तक गर्मी से राहत मिलने की कोई उम्मीद नहीं है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के भोपाल केंद्र ने राज्य के विभिन्न इलाकों में तेज लू चलने की चेतावनी दी है। मौसम विज्ञान के अनुसार, प्रदेश के उत्तरी, पूर्वी और मध्य भागों में तापमान सामान्य से कहीं अधिक रहेगा, जो लोगों के स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकता है।
शनिवार को जारी मौसम बुलेटिन में 22 मई को कई जिलों में अधिकतम तापमान सामान्य से ऊपर रिकॉर्ड किया गया, जबकि 23 मई को छिंदवाड़ा और अन्य क्षेत्रों में न्यूनतम तापमान भी सामान्य से अधिक रहा, जिससे रातों का तापमान भी बढ़ा हुआ है।
मौसम विभाग ने 27 मई तक कई जिलों के लिए रेड, ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किया है। 23 से 24 मई के बीच सतना, पन्ना, छतरपुर और टीकमगढ़ के विभिन्न स्थानों पर बेहद गर्म हवाओं के चलने की संभावना जताई गई है। साथ ही दतिया, भिंड, रीवा, मऊगंज, कटनी, दमोह, निवाड़ी और मैहर में भी गंभीर लू के लिए चेतावनी दी गई है।
सागर जिले में लू चलने की आशंका जताई गई है, जबकि छिंदवाड़ा, बालाघाट और पांढुर्णा में गर्म रातें रहने की संभावना है। अन्य जिलों में जैसे विदिशा, रायसेन, राजगढ़, बुरहानपुर, खंडवा, खरगोन, रतलाम, उज्जैन, आगर, मंदसौर, नीमच, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, ग्वालियर, मुरैना, श्योपुर, सिंगरौली, सीधी, अनूपपुर, शहडोल, उमरिया, डिंडोरी, जबलपुर और नरसिंहपुर में भी लू का अलर्ट जारी किया गया है।
24 से 25 मई के बीच सतना, पन्ना, छतरपुर, टीकमगढ़, दतिया, सिंगरौली, सीधी, रीवा, मऊगंज, उमरिया, कटनी, दमोह, सागर, निवाड़ी और मैहर में गर्म हवाओं की स्थिति बनी रहने की सम्भावना है। इसके बाद 25 से 27 मई तक भी यही हालात बना रह सकते हैं।
मौसम विभाग ने बताया कि दक्षिण-पश्चिम मानसून अरब सागर, बंगाल की खाड़ी और अंडमान सागर के कुछ क्षेत्रों में आगे बढ़ चुका है और आगामी दिनों में इसके आगे बढ़ने के लिए परिस्थिति अनुकूल है। वहीं जम्मू-कश्मीर के पास एक पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है और 28 मई से उत्तर-पश्चिम भारत में एक नया पश्चिमी विक्षोभ प्रभाव डाल सकता है।
लू से बचाव के लिए मौसम विभाग ने लोगों को दोपहर 12 से 3 बजे तक घर से बाहर न निकलने की सलाह दी है। इसके साथ ही अधिक मात्रा में पानी पीने, ओआरएस, नींबू पानी, छाछ और अन्य इलेक्ट्रोलाइट युक्त पेय पदार्थ लेने की सलाह दी गई है। हल्के रंग के ढीले कपड़े पहनना और सिर को ढककर बाहर निकलना भी सुझावित किया गया है।
बच्चों, बुजुर्गों और पूर्व से बीमार लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। किसानों को सुबह या शाम को सिंचाई कर मिट्टी में नमी बनाए रखने, अत्यधिक गर्मी में उर्वरक और कीटनाशकों के इस्तेमाल से बचने, और पशुओं के लिए पर्याप्त पानी और छाया की व्यस्था करने का सुझाव दिया गया है।