लखनऊ, 21 मई। उत्तर प्रदेश में गोमतीनगर रेलवे स्टेशन पर 17 मई को छपरा-गोमती एक्सप्रेस के एस1 कोच में एक किशोरी का शव बक्से में बंद मिला। जब राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) मौके पर पहुंची और बक्सा खोला, तो उसमें किशोरी के शव के छह टुकड़े थे, लेकिन सिर गायब था। मामले की जांच के लिए पुलिस ने तीन विशेष टीमों का गठन किया। जांच के दौरान कुशीनगर जिले के तमकुही रेलवे स्टेशन के सीसीटीवी फुटेज की जांच की गई, जिससे हत्यारों का पता लगाने में मदद मिली। पुलिस ने 16 वर्षीय शब्बा के मामले में उसके पिता विग्गन अंसारी (44 वर्ष), उसकी बहन नूरजहां (55 वर्ष) और बहनोई मोजीबुल्ला अंसारी (65 वर्ष) को गिरफ्तार कर लिया।
इस संदर्भ में एसपी रेलवे रोहित मिश्रा ने बताया कि तीनों आरोपियों को कुशीनगर जिले से पकड़ा गया है, और उनके पास से हत्या से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त हुई है। पुलिस ने बताया कि शब्बा का किसी व्यक्ति के साथ प्रेम संबंध था, जिससे प्रभावित होकर उसके पिता ने अपनी बेटी की हत्या उसकी बहन और बहनोई के साथ मिलकर की और शव को कई टुकड़ों में काट दिया।
एसपी ने आगे बताया कि पुलिस अभी भी मृतका के सिर की तलाश में कुशीनगर जिले और बिहार सीमा पर खोज अभियान चला रही है। उन्होंने कहा कि हत्यारे पिता की दो अन्य बड़ी बेटियाँ भी हैं, जिन्होंने अपने परिवार की इच्छा के खिलाफ जाकर शादी की है, जिससे पिता हमेशा दुःखी रहते थे।
इसके अलावा, उनकी छोटी बेटी भी किसी से फोन पर बात करती थी, जिसे लेकर पिता ने कई बार उसे मना किया था। इस वजह से घर में हमेशा तनाव और विवाद का माहौल बना रहता था, और यही कारण था कि पिता ने अपनी नाबालिग बेटी को खुद ही हत्या कर दी। हालांकि, पुलिस इस मामले की जांच और आगे की कार्रवाई में जुटी है।