कांग्रेस का आरोप: सरकार को सिर्फ तेल कंपनियों की फिक्र

कांग्रेस का आरोप: सरकार को सिर्फ तेल कंपनियों की फिक्र

नई दिल्ली, 23 मई। पेट्रोल और डीजल की कीमतों में लगातार तीसरी बार वृद्धि होने पर विपक्ष ने सरकार पर हमला बोल दिया है। कांग्रेस पार्टी ने दावा किया है कि सरकार की प्राथमिकता केवल तेल कंपनियों के लाभ को सुरक्षित करना है।

कांग्रेस ने शनिवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, "महंगाई के बादशाह मोदी ने पिछले 9 दिन में पेट्रोल-डीजल के दाम में 5 रुपए का इजाफा कर दिया। आज फिर पेट्रोल में 94 पैसे और डीजल में 95 पैसे की बढ़ोतरी की गई। सरकार की चिंता केवल तेल कंपनियों के लाभ की है। जब पूरी दुनिया की सरकारें अपने नागरिकों को राहत दे रही हैं, तब हमारी सरकार जनता का शोषण कर रही है।"

कांग्रेस ने सरकार पर अपने हमले को जारी रखते हुए सुझाव दिया, "कभी तो आम जनता के हित में सोचो, आखिर कब तक आप पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाते रहोगे?"

टीएमसी के प्रवक्ता साकेत गोखले ने कहा, "पेट्रोल और डीजल की कीमतों में यह तीसरी वृद्धि है पिछले 10 दिन में। हर तीन दिनों में ईंधन के दाम लगभग 1 रुपए बढ़ रहे हैं। सरकार गिरती मुद्रा को नियंत्रित नहीं कर पा रही है, इसलिए उम्मीद करें कि जुलाई तक हर कुछ दिन में कीमतों में बढ़ोतरी होगी।"

उन्होंने अपने 'एक्स' पोस्ट में लिखा, "हमें प्रधानमंत्री और उनके मंत्रियों की दिखावे वाली खर्च कटौती की आवश्यकता नहीं है, जो वे मीडिया के लिए करते हैं। हमें ऐसी सरकार की जरूरत है जो अर्थव्यवस्था चलाने के मौलिक तरीकों को समझती हो, और जिसका ध्यान शासन पर हो न कि जनसंपर्क पर।"

ज्ञात हो कि सरकारी तेल कंपनियों ने शनिवार को पेट्रोल की कीमत में 87 पैसे प्रति लीटर और डीजल में 91 पैसे प्रति लीटर की वृद्धि की। पिछले 10 दिन में कुल मिलाकर, कीमतों में लगभग 5 रुपए प्रति लीटर का इजाफा हो चुका है। अब राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में पेट्रोल की कीमत 99.51 रुपए प्रति लीटर और डीजल की कीमत 92.49 रुपए प्रति लीटर है।

पिछले 10 दिन में ईंधन की कीमतों में यह तीसरी बार बढ़ोतरी हुई है। 15 मई को कीमतों में प्रति लीटर 3 रुपए का इजाफा किया गया था, इसके बाद 19 मई को 80 पैसे से अधिक की बढ़ोतरी हुई। इससे पहले की बढ़ोतरी के बाद पेट्रोल की कीमत 98.64 रुपए प्रति लीटर और डीजल की कीमत 91.58 रुपए प्रति लीटर हो चुकी थी।