एनसीडब्ल्यू ने ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत पर सख्त रुख अपनाया, 7 दिन में रिपोर्ट की मांग की

एनसीडब्ल्यू ने ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत पर सख्त रुख अपनाया, 7 दिन में रिपोर्ट की मांग की

नई दिल्ली, 20 मई। राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) ने भोपाल में नोएडा की 33 वर्षीय ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत के मामले में स्वतः संज्ञान लेते हुए मध्य प्रदेश के मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) को पत्र भेजा है। आयोग ने मामले की जांच कर 7 दिनों के भीतर विस्तृत एटीआर प्रस्तुत करने का अनुरोध किया है।

एनसीडब्ल्यू ने एक प्रेस विज्ञप्ति में बताया, "मीडिया की खबरों के अनुसार, ट्विशा शर्मा की शादी के केवल 5 महीने बाद ही संदिग्ध हालात में मौत हो गई। पीड़िता के परिवार ने पति समार्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह पर दहेज उत्पीड़न, मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाए हैं। आयोग की अध्यक्ष विजया रहाटकर ने इस मामले की त्वरित, निष्पक्ष और पारदर्शी जांच को सुनिश्चित करने के लिए मध्य प्रदेश के मुख्य सचिव और डीजीपी को पत्र लिखा है।"

आयोग ने एफआईआर में शामिल धाराओं, आरोपियों की गिरफ्तारी और पूछताछ की स्थिति, फरार आरोपी समार्थ सिंह की गिरफ्तारी के लिए उठाए गए कदमों, सीसीटीवी फुटेज, कॉल रिकॉर्ड, इलेक्ट्रॉनिक और फोरेंसिक सबूत, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पूर्व में की गई शिकायतों पर की गई कार्रवाई की जानकारी मांगी है।

इसके अलावा, आयोग ने यह भी निर्देश दिया है कि पीड़िता के परिवार को किसी तरह की धमकी, दबाव या चरित्र हनन से सुरक्षित रखा जाए, ताकि न्याय प्रक्रिया निष्पक्षता से आगे बढ़ सके।

राष्ट्रीय महिला आयोग ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा है कि महिलाओं के खिलाफ दहेज उत्पीड़न और घरेलू हिंसा से संबंधित मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या प्रभाव का दुरुपयोग बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जानी चाहिए।

गौरतलब है कि 31 वर्षीय पूर्व मॉडल ट्विशा शर्मा 12 मई को भोपाल में अपने ससुराल में फंदे पर लटकी हुई पाई गई थीं। ट्विशा का परिवार इस घटना को हत्या मान रहा है।