पटना, 23 मई। बिहार के बरौनी स्थित ओटीसी में आयोजित सीएटीसी-4 (संयुक्त वार्षिक प्रशिक्षण शिविर) का सफलतापूर्वक समापन हो गया। इस कैंप में भागलपुर ग्रुप की विभिन्न यूनिटों के 500 से अधिक कैडेट्स ने भाग लिया। कैंप का प्राथमिक उद्देश्य टीएससी (थल सैनिक शिविर) चयन प्रक्रिया थी, जिसमें फायरिंग, ऑब्स्टेकल, मैप रीडिंग, फील्ड क्राफ्ट सहित अन्य प्रतिस्पर्धी गतिविधियों का आयोजन किया गया। इसी दौरान, उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कई कैडेट्स को आगे की चयन प्रक्रिया के लिए चुना गया।
समापन समारोह में एक सांस्कृतिक संध्या का आयोजन किया गया, जहां कैडेट्स ने गीत, नृत्य और देशभक्ति से संबंधित प्रस्तुतियों से सभी का दिल जीत लिया। इसके अलावा, विभिन्न प्रतियोगिताओं में शानदार प्रदर्शन करने वाले कैडेट्स को मेडल और पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।
कैंप कमांडेंट कर्नल रितेश मोहन ने कैडेट्स को उत्साहित करते हुए कहा कि चयन न होने पर निराश होने की कोई आवश्यकता नहीं है, क्यों कि मेहनत और आत्मविश्वास से भविष्य में और बेहतरीन अवसर प्राप्त किए जा सकते हैं। उन्होंने बिहार और झारखंड के अधिक से अधिक कैडेट्स के राष्ट्रीय स्तर पर पहुंचने की शुभकामनाएं दीं और उन्हें देश और समाज के प्रति बेहतर कार्य करने के लिए प्रेरित किया।
इस मौके पर सूबेदार मेजर सुरेश कुमार, सूबेदार दया बहादुर राणा, लेफ्टिनेंट राकेश कुमार, सेकंड ऑफिसर स्वाति सुरभि, सेकंड ऑफिसर उपेंद्र कुमार यादव, सेकंड ऑफिसर ऋषि कुमार, सेकंड ऑफिसर रंजीत कुमार, सीटीओ महिमा मिश्रा, जीसीआई गुड़िया कुमारी सहित कई अन्य पीआई स्टाफ भी मौजूद रहे।
गौर करने वाली बात यह है कि अलग-अलग राज्यों में सीएटीसी-4 ('कंबाइंड एनुअल ट्रेनिंग कैंप) का आयोजन नेशनल कैडेट कोर (एनसीसी) द्वारा किया जाता है, जो एक आवश्यक वार्षिक प्रशिक्षण शिविर है। इसका मुख्य उद्देश्य कैडेट्स को कठोर सैन्य प्रशिक्षण, अनुशासन और नेतृत्व के मूलभूत सिद्धांतों का व्यावहारिक अनुभव देना है। कैडेटों के लिए 'बी' और 'सी' प्रमाणपत्र परीक्षाओं में उत्तीर्ण होने के लिए यह शिविर अनिवार्य है।