नई दिल्ली, 18 मई (आईएएनएस)। ऊर्जा बचत और आत्मनिर्भरता को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील के बाद भाजपा नेता और मंत्री सक्रिय नजर आ रहे हैं। केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान, उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक, सावित्री ठाकुर समेत कई नेताओं ने ईंधन बचत, सार्वजनिक परिवहन के इस्तेमाल और सोने की खरीद कम करने की जरूरत पर जोर देते हुए लोगों से पीएम मोदी की अपील का समर्थन करने की बात कही। केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि वैश्विक परिस्थितियों को देखते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने ऊर्जा बचत और आत्मनिर्भरता के लिए सामूहिक प्रयास का आह्वान किया है। देश की जनता इसका गंभीरता से पालन कर रही है। हर वर्ग ऊर्जा बचत कर रहा है। उन्होंने कहा कि आज हमने अधिकारियों के साथ बैठक की। सभी अधिकारियों ने फैसला किया है कि खास परिस्थितियों को छोड़कर वे एक साल तक सोना नहीं खरीदेंगे। इसके साथ ही हमने संकल्प लिया कि प्राकृतिक खेती और खाद का संतुलित उपयोग करेंगे। खेत बचाओ अभियान भी चलाने का फैसला किया है। इसके तहत हमारे वैज्ञानिक गांव-गांव जाएंगे और मिट्टी के अनुसार, जरूरत के अनुसार ही खाद उपयोग करने पर जोर दिया जाएगा। इसका मकसद अनावश्यक खाद को खेत में डालने से रोकना है। उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक का कहना है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील के बाद हम सभी ऊर्जा बचत कर रहे हैं। मैं खुद ईवी गाड़ी का इस्तेमाल कर रहा हूं। पूर्व उपमुख्यमंत्री दिनेश शर्मा ने कहा कि विपरीत परिस्थितियों में भी पेट्रोल-डीजल मिल रहा है, लेकिन विपक्ष अफवाह फैलाने की कोशिश कर रहा है। पड़ोसी देशों में दोगुने और तीन गुने दाम पर तेल मिल रहा है। हमारे देश में अभी तक कोई कमी नहीं हुई है, क्योंकि प्रधानमंत्री के साथ देश खड़ा है। उन्होंने कहा कि ईंधन बचाना और सोना कम खरीदना देश की प्रगति के लिए बहुत जरूरी है। कम खरीदें और जरूरत पड़ने पर ही खरीदें, क्योंकि भारत में सोना कम उत्पादित होता है, बाकी बाहर से आता है। जो सोना आता है, वह विदेशी मुद्रा में आता है और अगर ये मुद्रा खत्म हो गई तो डॉलर की अपेक्षा रुपया गिर जाएगा। केंद्रीय राज्य मंत्री सावित्री ठाकुर ने कहा कि मैं खुद ई-रिक्शा से चल रही हूं। प्रधानमंत्री ने अपील की है तो हम समर्थन कर रहे हैं। इससे जनता को भी संदेश जा रहा है कि हम भी जनता के साथ खड़े हैं।
शिवराज सिंह चौहान समेत कई नेताओं ने लिया एक साल तक सोना न खरीदने का संकल्प, अधिकारी भी समर्थन में