असम सरकार ने सेवानिवृत्त कर्मचारियों को समय पर पेंशन दिलाने के लिए नई और सख्त व्यवस्था लागू की है। अब पेंशन जारी करने में लापरवाही या अनावश्यक देरी करने वाले अधिकारियों पर आर्थिक जुर्माना लगाया जाएगा। मुख्यमंत्री Himanta Biswa Sarma ने मंगलवार को इसकी जानकारी दी।
CM हिमंता बिस्वा सरमा ने बताया फैसला
मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट कर कहा कि राज्य के रिटायर्ड कर्मचारियों ने असम के विकास में अहम योगदान दिया है और समय पर पेंशन पाना उनका अधिकार है। उन्होंने कहा कि सरकार जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए नई व्यवस्था लागू कर रही है, ताकि पेंशनर्स को सम्मान और गरिमा के साथ उनका हक मिल सके।
नई अधिसूचना के बाद लागू हुई व्यवस्था
यह फैसला प्रशासनिक सुधार, प्रशिक्षण, पेंशन और लोक शिकायत विभाग की नई अधिसूचना के बाद लागू किया गया है। नई व्यवस्था के तहत अगर पेंशन मामलों के निपटारे में तय समयसीमा और सरकारी मानकों का पालन नहीं किया गया, तो संबंधित अधिकारियों पर कार्रवाई की जाएगी।
‘कृतज्ञता पोर्टल’ से होगी निगरानी
सरकार ने बताया कि अब हर महीने ‘कृतज्ञता पोर्टल’ के जरिए लंबित और देरी वाले पेंशन मामलों की सूची तैयार की जाएगी। यह सूची संबंधित विभागों, जिला आयुक्तों और वरिष्ठ अधिकारियों को भेजी जाएगी, ताकि मामलों की निगरानी और समय पर कार्रवाई सुनिश्चित हो सके।
क्या है ‘कृतज्ञता पोर्टल’?
‘कृतज्ञता पोर्टल’ असम सरकार की ऑनलाइन पेंशन स्वीकृति और भुगतान ट्रैकिंग प्रणाली है। इसे खास तौर पर सेवानिवृत्त कर्मचारियों और पेंशनभोगियों की सुविधा के लिए तैयार किया गया है, ताकि पेंशन प्रक्रिया पारदर्शी और तेज हो सके।
देरी करने वाले अधिकारियों पर लगेगा जुर्माना
नई अधिसूचना के अनुसार पेंशन प्रक्रिया के अलग-अलग चरणों में देरी के लिए जिम्मेदार अधिकारियों से प्रतिदिन 250 रुपए का जुर्माना वसूला जाएगा। हालांकि, जुर्माने की अधिकतम सीमा 5,000 रुपए तय की गई है।
वेतन से कटेगी जुर्माने की राशि
सरकार ने साफ किया है कि यह राशि सीधे संबंधित अधिकारी के वेतन से काटी जाएगी। इसके लिए ‘फिनअसम पोर्टल’ का इस्तेमाल होगा और कटौती की जानकारी अगले महीने की सैलरी स्टेटमेंट में दिखाई देगी।
जवाबदेही बढ़ाने पर सरकार का जोर
सरकार का कहना है कि इस नई व्यवस्था का उद्देश्य प्रशासनिक कामकाज को तेज करना, सरकारी दफ्तरों में जवाबदेही बढ़ाना और पेंशनर्स को बिना परेशानी समय पर पेंशन उपलब्ध कराना है। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है।