लखनऊ, 23 मई। पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी को लेकर राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गई हैं। इस संदर्भ में, उत्तर प्रदेश के मंत्री अनिल राजभर ने शनिवार को कहा कि वैश्विक संकट के बीच भारत पेट्रोल-डीजल की कीमतों में सबसे कम और सबसे बाद में वृद्धि करने वाला देश है। उन्होंने कहा, "जब से युद्ध का खतरा आया है, तब से भारत ही ऐसा देश है जिसने दुनिया में सबसे कम और देरी से डीजल-तेल की कीमतें बढ़ाई हैं। यूरोप के विकसित देशों और अमेरिका में देखिए कि कीमतें कब और कितनी बढ़ाई गई। पीएम मोदी की सरकार प्रयासशील है और यह भारत के हित के लिए कार्य कर रही है, इसका जितना स्वागत किया जाए, उतना कम है। वर्तमान में भी भले ही कीमतें बढ़ी हैं, लेकिन मैं कहता हूं कि भारत में दाम की वृद्धि सबसे कम हुई है। मुझे विश्वास है कि जल्द ही स्थिति सामान्य हो जाएगी।
यूपी कांग्रेस के अध्यक्ष अजय राय ने पीएम मोदी के खिलाफ की गई अभद्र टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, "कुछ दिन पूर्व कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने एक टिप्पणी की और अब प्रदेश अध्यक्ष ने सारी सीमाएं तोड़ दी हैं। कल का दिन भारत के लोकतंत्र के लिए काला दिन है। समाज इस प्रकार की भाषा को कभी स्वीकार नहीं कर सकता। जनता इसका जवाब देगी।"
नीट मामले में मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी पर उन्होंने कहा, "देश की सबसे प्रतिष्ठित एजेंसी को यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। हमारे युवाओं में अविश्वास नहीं होना चाहिए, यह हमारी जिम्मेदारी है। सीबीआई यह कार्य सही तरीके से और सही दिशा में कर रही है। ऐसी गतिविधियों को हमेशा के लिए समाप्त किया जाएगा और जो लोग अवैध कार्य करेंगे, उन्हें कानून के अंतर्गत लाया जाएगा।"
राजभर ने उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के द्वारा सड़कों पर नमाज पढ़ने की अनुमति ना देने के बयान का समर्थन किया। उन्होंने कहा, "उत्तराखंड सरकार का निर्णय सराहनीय है। वहां की सामाजिक स्थिति का सही आकलन सरकार कर रही होगी। जो लोग प्रदर्शन के बहाने इस प्रकार के कार्य करते हैं, उन पर रोक लगाने के लिए सरकार के उठाए गए कदम का मैं स्वागत करता हूं।"
राजभर ने पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी के घुसपैठियों से संबंधित बयान का जिक्र करते हुए कहा, "इसीलिए सरकार को जनादेश प्राप्त हुआ है। घुसपैठिए देश में आकर गरीबों, किसानों और युवाओं का हक मार रहे हैं। ये देश की सुरक्षा के लिए खतरा बने हुए हैं। ऐसे लोगों को देश से बाहर करने के अलावा और क्या उपाय है? बंगाल सरकार सही दिशा में कार्य कर रही है। विशेष रूप से चिकननेक पर रक्षा मंत्रालय को दी गई भूमि का भी स्वागत किया जाना चाहिए।"