अजय राय की पीएम मोदी पर विवादास्पद टिप्पणी, भाजपा ने कहा- 'गांधीवादी नहीं, गाली देने वाली कांग्रेस'

अजय राय की पीएम मोदी पर विवादास्पद टिप्पणी, भाजपा ने कहा- 'गांधीवादी नहीं, गाली देने वाली कांग्रेस'

नई दिल्ली, 22 मई। उत्तर प्रदेश कांग्रेस के प्रमुख अजय राय का एक वीडियो वायरल हुआ है जिसमें वे पीएम नरेंद्र मोदी के लिए अपशब्दों का उपयोग करते नजर आ रहे हैं। इस वीडियो में साफ दिख रहा है कि राय अपनी कार में बैठकर कार के पास खड़े लोगों से मोदी के बारे में अभद्र बातें कर रहे हैं और उन्होंने अपनी बात को दोहराया भी है। भाजपा आईटी सेल के प्रमुख अमित मालवीय ने इस वीडियो को सोशल मीडिया पर साझा करते हुए लिखा, "कुछ दिनों पहले जब अजय राय बीमार पड़े थे, तब प्रधानमंत्री मोदी ने उनके शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना की थी। लेकिन अब वही अजय राय मोदी के खिलाफ अनुचित भाषा का इस्तेमाल करते हुए देखे गए हैं। यही कांग्रेस की राजनीतिक शैली है, शिष्टाचार का जवाब अभद्रता से देना।"

भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने अजय राय का वीडियो साझा करते हुए कहा, "राहुल गांधी के द्वारा 'गद्दार' कहे जाने के बाद कांग्रेस ने फिर से सारी सीमाएं तोड़ दी हैं। अजय राय ने पीएम मोदी के लिए बेहद अपमानजनक शब्दों का प्रयोग किया। उनका मोदी के प्रति यह नफरत का कारण यह है कि वे एक 'चायवाला' पृष्ठभूमि से हैं। राहुल की कांग्रेस ने 150 से ज्यादा अपशब्दों का उपयोग किया है। यह 'गाली देने वाली' कांग्रेस है, न कि 'गांधीवादी' कांग्रेस। यह तो बस अपशब्दों की दुकान है।"

कुछ समय पहले, अजय राय एक सार्वजनिक कार्यक्रम के दौरान बेहोश हो गए थे और उन्हें लखनऊ के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उनके स्वास्थ्य की खराबी की खबर सुनकर प्रधानमंत्री मोदी ने उसी रात सोशल मीडिया पर उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना व्यक्त की थी और कहा था कि वे उनके अचानक बीमार होने की सूचना से चिंतित हैं।

यह देखना दिलचस्प है कि जहां एक ओर पीएम मोदी ने उनकी कुशलक्षेम पूछी, वहीं दूसरी ओर अजय राय उसी पीएम पर अमर्यादित टिप्पणियां कर रहे हैं।

अजय राय की इस अपमानजनक टिप्पणी के कारण ना केवल उनको आलोचना का सामना करना पड़ रहा है, बल्कि कांग्रेस पार्टी भी सोशल मीडिया पर यूजर्स के निशाने पर आ गई है। ट्विटर यूजर्स ने एक बार फिर कांग्रेस के नैतिक मूल्यों और सिद्धांतों पर प्रश्न उठाना शुरू कर दिया है।

अजय राय ने 2024 के लोकसभा चुनाव में वाराणसी से प्रधानमंत्री मोदी को चुनौती देने का प्रयास किया था, लेकिन उन्हें 1.5 लाख से अधिक मतों के अंतर से हार का सामना करना पड़ा था।